Skip to content

What is Output Device | आउटपुट डिवाईस क्‍या है:-

जब भी कम्प्यूटर से हम कोई कार्य करते है, तब हमें उसका रिजल्ट अर्थात आउटपुट मिलता है। इस आउटपुट को देखने के लिए हम आउटपुट डिवाईस | Output Device का उपयोग करते है।

आउटपुट डिवाईस भी कई प्रकार की होती है, जिनका उपयोग अलग-अलग कार्यो के लिए किया जाता है।

किस आउटपुट डिवाईस का उपयोग कब करना है, यह निम्न बातों पर निर्भर होता है:-

आउटपुट प्राप्त होने की गति तथा लगने वाला समय

डाटा का प्रकार

आउटपुट डाटा का उपयोग

आउटपुट प्राप्त तथा प्रदर्शित करने में सुविधाजनक डिवाईस

डिवाईस का आकार

जैसे हम देखते है कि कई बार जब हम किसी वर्ड फाईल में कुछ टाईप करते है अथवा वर्ड फाईल में कोई डिजाईन अथवा कलर का उपयोग करते है,

तब हम आउटपुट डिवाईस के रूप में मॉनिटर स्क्रीन का उपयोग कर रहे होते है,

वहीं यदि हमें उक्त वर्ड फाईल की भौतिक रूप से आवश्यकता होती है,

तब हम उसे प्रिंटर जो कि एक आउटपुट डिवाईस है, के माध्यम से किसी पेपर पर प्रिंट कर सकते है। इस प्रकार जब हमें डाटा वर्चुअल रूप में चाहिए होता है, तो हम मॉनिटर का उपयोग करते है,

जब भौतिक रूप में चाहिए होता है, तब हम प्रिंटर का उपयोग करते है।

इसी प्रकार जैसे यदि हमें ब्लेक एण्ड व्हाईट प्रिंट चाहिए होता है,

तब सिंपल प्रिंटर का उपयोग करते है, जब हमें रंगीन प्रिंट की आवश्यकता होती है, तो हम कलर्ड प्रिंटर का उपयोग करते है।

आउटपुट डिवाईस | Output Device:-

इसी प्रकार आउटपुट के प्रकार पर आउटपुट डिवाईस का उपयोग निर्भर है।

जैसे यदि आउटपुट डाटा वॉइस अर्थात ऑडियों के प्रकार का है, तो हमें स्पीकर की आवश्यकता होती है,

यदि वीडियों के प्रकार का है, तो हमें मॉनिटर अथवा प्रोजेक्टर की आवश्यकता होती है।

इसी प्रकार आउटपुट की गति के आधार पर भी डिवाईस को अलग-अलग उपयोग किया जाता है।

जैसे अलग-अलग प्रिंटर मशीनों की प्रिंट करने की गति अलग-अलग होती है,

जब हमें जितनी गति से कार्य करना होता है, उसी के अनुसार प्रिंटर का चयन किया जाता है।

साथ ही आउटपुट के आकार के आधार पर भी डिवाईस का चयन होता है,

जैसे यदि किसी पेपर पर प्रिंट चाहिए तो सिंपल प्रिंटर का उपयोग करते है,

यदि हमें कोई बड़ा बोर्ड अथवा पोस्टर छापना हो तो बडे प्रिंटर अथवा प्लाटर आदि का उपयोग किया जाता है।

आउटपुट डिवाईस के प्रकार | Types of Output Devices:-

यहां हम सामान्यतः उपयोग होने वाले आउटपुट डिवाईस के बारे में जानेंगे।

1. मॉनिटर | Monitor Output Device:-

जब हमें आउटपुट डाटा स्क्रीन पर देखना होता है।

तब हम मॉनिटर अथवा स्क्रीन का उपयोग करते है।

मॉनिटर कम्प्यूटर के आउटपुट डाटा को विजुअल रूप में अर्थात टैक्स्ट, इमेज, वीडियो आदि प्रदर्शित करने का कार्य करता है।

मॉनिटर कई प्रकार के होते है। मॉनिटर को विजुअल डिस्प्ले यूनिट(वी.डी.यू.) तथा वीडियो डिस्प्ले टर्मिनल(वी.डी.टी.) भी कहते है।

डाटा को प्रदर्शित करने के आधार पर मॉनिटर के दो प्रकार है।

मोनोक्रोम डिस्प्ले मॉनिटर टैक्स्ट को दिखाने के लिए केवल एक ही कलर का उपयोग करता है

वहीं कलर डिस्प्ले मॉनिटर टैक्स्ट को 356 कलर में एक साथ दिखा सकता है।

किसी भी मॉनिटर में कोई इमेज बहुत सारे छोटे-छोटे डॉट्स अर्थात पिक्सल से मिलकर बनी होती है।

2. प्रिंटर | Printer Output Device:-

जब हमें आउटपुट डाटा भौतिक रूप से किसी पेपर पर प्रिंट करने की आवश्यकता होती है, तब हम प्रिंटर का उपयोग करते है। प्रिंटर को कई अलग-अलग भागों में वर्गीकृत किया गया है।

3 प्रोजेक्टर | Projector Output Device:-

जब हमें आउटपुट डाटा को प्रजेंटेंशन के रूप में प्रदर्शित करना होता है, तब प्रोजेक्टर का उपयोग किया जाता है।

इसके द्वारा कम्प्पयूटर के आउटपुट को एक बड़ी स्क्रीन अथवा सफेद पर्दे या सफेद दीवार पर दिखाया जाता है,

जिससे अधिक लोगो द्वारा देखा जा सके।

इसका उपयोग देखने योग्य किसी भी प्रकार के डाटा को आउटपुट करने के लिए किया जा सकता है।

प्रोजेक्टर का आकार बहुत छोटा होता है, जिसके कारण इसे एक स्थान से दूसरे स्थान पर आसानी से ले जाया जा सकता है।

इन्हें आसानी से कम्प्यूटर से कनेक्ट किया जा सकता है।

4 स्पीकर | Speaker Output Device:-

जब आउटपुट ऑडियो अर्थात वॉइस प्रकार का होता है, तब हम स्पीकर का उपयोग करते है।

इन्हें कम्प्यूटर में कनेक्ट करने के लिए सी.पी.यू. से जुडी साउंड कार्ड का उपयोग होता है।

वर्तमान में कम्प्यूटर में इनबिल्ट स्पीकर भी आते है, जिसे कनेक्ट करने की आवश्यकता नहीं होती है। वायरलेस स्पीकर भी आते है,

जिन्हें वाई-फाई अथवा ब्लूटूथ के माध्यम से भी कनेक्ट किया जा सकता है।

5 हेडफोन अथवा इअरफोन | Headphone | Earphone:-

इस आउटपुट डिवाईस का उपयोग सामान्यतः मोबाईल फोन में किया जाता है।

साथ ही कम्प्यूटर में भी किया जाता है।

यह ऑडियों प्रकार के डाटा को आउटपुट करने का कार्य करता है।

इसमें दो स्पीकर एक साथ जुडे होते है, जिनमें एक केबल के द्वारा कम्प्यूटर अथवा मोबाईल से कनेक्ट किया जा सकता है।

वर्तमान में वायरलेस हेडफोन तथा इअर फोन भी आते है, जिन्हें वाई-फाई अथवा ब्लूटूथ के माध्यम से भी कनेक्ट किया जा सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हिन्दी यूनिकोड मंगल फांट तथा क्रूतिदेव फांट को आपस में बदलें। हिन्दी वर्ड काउंट करीए सबसे तेज एवं सबसे आसान तरीके से अपनी हिन्दी टाईपिंग स्पीड को 50 WPM से अधिक बढाने का सरल उपाय Pass CPCT English Typing Exam within 30 Days, In Easy and Fun Way. 30 दिन में CPCT हिन्दी टाईपिंग टेस्ट पास कीजिए